Parmatma Prakash (Gujarati Hindi) (Oriya transliteration).

< Previous Page   Next Page >


Page 500 of 565
PDF/HTML Page 514 of 579

background image
Shri Digambar Jain Swadhyay Mandir Trust, Songadh - 364250
ଶ୍ରୀ ଦିଗଂବର ଜୈନ ସ୍ଵାଧ୍ଯାଯମଂଦିର ଟ୍ରସ୍ଟ, ସୋନଗଢ - ୩୬୪୨୫୦
୫୦୦ ]ଯୋଗୀନ୍ଦୁଦେଵଵିରଚିତ: [ ଅଧିକାର-୨ : ଦୋହା-୧୭୪
एहु इत्यादि एहु जु एष यः प्रत्यक्षीभूतः अप्पा स्वसंवेदनप्रत्यक्ष आत्मा
कथंभूतः सो परमप्पा शुद्धनिश्चयेनानन्तचतुष्टयस्वरूपः क्षुधाद्यष्टादशदोषरहितः स निर्दोषि-
परमात्मा कम्म-विसेसें जायउ जप्पा व्यवहारनयेनादिकर्मबन्धनविशेषेण स्वकीयबुद्धिदोषेण
जात उत्पन्नः कथंभूतो जातः जाप्यः पराधीनः
जामइं जाणइ यदा काले जानाति
केन
कम् अप्पें अप्पा वीतरागनिर्विकल्पस्वसंवेदनज्ञानपरिणतेनात्मना निजशुद्धात्मानं तामइं
तस्मिन् स्वशुद्धात्मानुभूतिकाले सो जि स एवात्मा देउ निजशुद्धात्मभावनोत्थवीतराग-
सुखानुभवेन दीव्यति क्रीडतीति देवः परमाराध्यः
किंविशिष्टो देवः परमप्पा शुद्धनिश्चयेन
मुक्ति गत-परमात्मसमानः अयमत्र भावार्थः यद्येवंभूतः परमात्मा शक्ति रूपेण देहमध्ये
नास्ति तर्हि केवलज्ञानोत्पत्तिकाले कथं व्यक्त ीभविष्यतीति ।।१७४।।
अथ तमेवार्थं व्यक्त ीकरोति
ଭାଵାର୍ଥ :ଆ ସ୍ଵସଂଵେଦନପ୍ରତ୍ଯକ୍ଷ ଆତ୍ମା ଶୁଦ୍ଧ ନିଶ୍ଚଯନଯଥୀ ଅନଂତଚତୁଷ୍ଟଯସ୍ଵରୂପ
କ୍ଷୁଧାଆଦି ଅଢାର ଦୋଷ ରହିତ ନିର୍ଦୋଷ ପରମାତ୍ମା-ତେ ଵ୍ଯଵହାରନଯଥୀ ଅନାଦିକର୍ମବଂଧନନା ଵିଶେଷଥୀ
ପୋତାନୀ ବୁଦ୍ଧିନା ଦୋଷଥୀ ପରାଧୀନ ଥଯୋ ଛେ.
ପରଂତୁ ଜ୍ଯାରେ ଵୀତରାଗନିର୍ଵିକଲ୍ପସ୍ଵସଂଵେଦନଜ୍ଞାନରୂପେ ପରିଣତ ଆତ୍ମା ଵଡେ ନିଜଶୁଦ୍ଧ-ଆତ୍ମାନେ
ଜାଣେ ଛେ ତ୍ଯାରେ ତେ ସ୍ଵଶୁଦ୍ଧଆତ୍ମାନୀ ଅନୁଭୂତିନା ସମଯେ ତେ ଜ ଆତ୍ମା ନିଜ-ଶୁଦ୍ଧଆତ୍ମାନୀ ଭାଵନାଥୀ
ଉତ୍ପନ୍ନ ଵୀତରାଗ ସୁଖାନୁଭଵଥୀ ଶୋଭେ ଛେ, କ୍ରୀଡା କରେ ଛେ ତେ ଦେଵ ଛେ କେ ଜେ ପରମଆରାଧ୍ଯ ଛେ; ତେ
ଦେଵ ଶୁଦ୍ଧନିଶ୍ଚଯନଯଥୀ ମୁକ୍ତିଗତ ପରମାତ୍ମା ସମାନ ଛେ.
ଅହୀଂ, ଭାଵାର୍ଥ ଏମ ଛେ କେ ଜୋ ଆଵୋ ପରମାତ୍ମା ଶକ୍ତିରୂପେ ଦେହମାଂ ନ ହୋଯ ତୋ କେଵଳଜ୍ଞାନନୀ
ଉତ୍ପତ୍ତିକାଳେ ତେନୀ ଵ୍ଯକ୍ତି କେଵୀ ରୀତେ ଥାଯ? ।।୧୭୪.
ହଵେ, ତେ ଜ ଅର୍ଥନେ ପ୍ରଗଟ କରେ ଛେ :
यह आत्मा ही [परमात्मा ] परमात्मा देव है
भावार्थ :निज शुद्धात्माकी भावनासे उत्पन्न हुआ जो परम आनंद उसके अनुभवमें
क्रीडा करनेसे देव कहा जाता है, यही आराधने योग्य है जो आत्मदेव शुद्ध निश्चयनयकर
भगवान् केवलीके समान है ऐसा परमात्मदेव शक्तिरूपसे देहमें हैं, जो देहमें न होवे, तो
केवलज्ञानके समय कैसे प्रगट होवे ।।१७४।।
आगे इसी अर्थको प्रगटपनेसे दृढ़ करते हैं
୧. ଅହୀଂ ‘स्वसंवेदन ज्ञान प्रत्यक्ष’ ହୋଵୁଂ ଜୋଈଏ.