Shri Jinendra Stavan Mala-Gujarati (Devanagari transliteration).

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जिनवर देवनी सेवना,
करे सेवक हो जिनचरणे वास के.श्री०
श्री सीमंधार जिनस्तवन
(लाख भणे रे लक्ष्मीराग)
आवो आवो सीमंधर जिनराजजी रे, (२)
स्वपरप्रकाशक शोभे प्रभुजी माहरा.
देखुं देखुं समतारसना भूपने रे, (२)
पूजुं पूजुं भावे प्रभुजी माहरा.
पूज्या पूज्या परमानंद नाथने रे, (२)
जिनवरस्वामी सेवे शिवसुख पामशुं.
जिनवरस्वामी प्रबळ निमित्त छो नाथजी रे, (२)
निज कारणथी अम आतमता ध्याईए.
प्रभुपणे अमे प्रभुताने प्रभु ओळखी रे, (२)
पूर्णानंदने आत्मस्वरूपे पामीए.
जगतवंद्य प्रभु जिनचरणने पामीने रे, (२)
जन्म कृतारथ थाये प्रभुजी माहरो.
करुणाद्रष्टि थाये सेवक उपरे रे, (२)
राखो प्रभुजी सेवक साचो साथमां.
२१० ][ श्री जिनेन्द्र