बातें हों... शास्त्रके अर्थ इतने बरसोंमें किसीने नहीं किये होंगे। समयसार, प्रवचनसार
सबके ऊपर कितने अर्थ किये! इक शब्दका इतना विवरण करनेवाले इतने बरसोंमें (कोई
नहीं हुआ)। इतनी शक्ति गुरुदेवकी! जहाँ विराजे वहाँ मंगल।
समाधानः- मंगलमूर्ति थे।
Benshreeni Amrut Vani Part 2 Transcripts (Hindi).
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